mirakrishna.com

रामायण

रामायण की संरचना

रामायण कुल 7 कांडों में विभाजित है।

बालकांड

श्रीराम का जन्म और बाल्यकाल

अयोध्याकांड

वनवास और त्याग

अरण्यकांड

वन जीवन और संघर्ष

किष्किंधाकांड

सुग्रीव और हनुमान से मित्रता

सुंदरकांड

सीता खोज और हनुमान की वीरता

लंकाकांड (युद्धकांड)

रावण वध

उत्तरकांड

रामराज्य और आदर्श शासन

रामायण – धर्म, मर्यादा और जीवन मूल्यों का आदर्श

रामायण क्या है?

रामायण सनातन परंपरा का एक अत्यंत पवित्र और कालजयी महाकाव्य है, जिसकी रचना आदि कवि महर्षि वाल्मीकि ने की थी। यह ग्रंथ भगवान श्रीराम के जीवन, उनके आदर्शों और कर्तव्यनिष्ठ आचरण का विस्तार से वर्णन करता है। रामायण केवल ऐतिहासिक कथा नहीं, बल्कि मानव जीवन को सही दिशा देने वाला जीवन-दर्शन है।

रामायण का महत्व

रामायण हमें यह समझाती है कि कठिन परिस्थितियों में भी धर्म, सत्य और मर्यादा का पालन करना ही सच्ची विजय का मार्ग है। यह ग्रंथ पारिवारिक संबंधों, सामाजिक दायित्वों और नैतिक मूल्यों को सुदृढ़ करता है तथा हर युग में मानवता के लिए प्रेरणा का स्रोत बना रहता है।

रामायण

रामायण के प्रमुख पात्र

श्रीराम

धर्म, सत्य और मर्यादा का प्रतीक

सीता माता

त्याग, पवित्रता और शक्ति

लक्ष्मण

सेवा और समर्पण

हनुमान

भक्ति और वीरता

रावण

अहंकार और अधर्म

रामायण

रामायण का आध्यात्मिक सार

रामायण और आधुनिक जीवन

वर्तमान समय में भी रामायण हमें विवेकपूर्ण निर्णय लेना, संयम बनाए रखना और नैतिक मूल्यों पर चलना सिखाती है। यह संदेश देती है कि जीवन में कैसी भी चुनौतियाँ आएँ, धर्म और सत्य का मार्ग कभी नहीं छोड़ना चाहिए।

रामायण

हमारा उद्देश्य

रामायण मात्र प्राचीन काल की गाथा नहीं है, बल्कि यह आज और आने वाले समय के लिए जीवन को सही दिशा देने वाला मार्गदर्शन है। इसके आदर्श हर युग में मानव को धर्म, सत्य और कर्तव्य के पथ पर चलने की प्रेरणा देते हैं।

जय श्री राम 🚩