पुराण सनातन धर्म के ऐसे महत्त्वपूर्ण ग्रंथ हैं, जिनमें सृष्टि की उत्पत्ति, देवताओं और ऋषियों की गाथाएँ, दिव्य अवतारों के चरित्र तथा जीवन के शाश्वत मूल्य कथात्मक रूप में प्रस्तुत किए गए हैं। इनका उद्देश्य गूढ़ आध्यात्मिक सत्य को सरल कहानियों के माध्यम से जनसामान्य तक पहुँचाना है, ताकि धर्म और भक्ति जीवन का स्वाभाविक अंग बन सकें।
पुराण केवल धार्मिक साहित्य नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, समाज और जीवन-दर्शन की अमूल्य धरोहर हैं। इनमें निहित कथाएँ मनुष्य को सदाचार, कर्तव्य, भक्ति और नैतिक जीवन की प्रेरणा देती हैं। पुराण जीवन को धर्म के पथ पर अग्रसर करने और आध्यात्मिक चेतना को जाग्रत करने का सशक्त माध्यम हैं।
भगवान विष्णु के विभिन्न अवतारों और उनके दिव्य कार्यों का वर्णन करता है तथा सृष्टि के संरक्षण, संतुलन और धर्म-पालन के सिद्धांतों को स्पष्ट करता है।
भगवान शिव की दिव्य लीलाओं, उनके उपासना-पथ और भक्ति के महत्व का वर्णन करता है, साथ ही योग, ध्यान और आत्मबोध के मार्ग को स्पष्ट करता है।
श्रीकृष्ण के जीवन, लीलाओं और उपदेशों का विस्तार से वर्णन करता है तथा इसे भक्ति मार्ग का सर्वश्रेष्ठ और प्रेरणादायक ग्रंथ माना जाता है।
सृष्टि की रचना, ब्रह्मा के स्वरूप और उनके द्वारा स्थापित नियमों का वर्णन करता है तथा ज्ञान और उपदेश का महत्वपूर्ण स्रोत माना जाता है।
मृत्यु, पुनर्जन्म और कर्मफल के सिद्धांत को स्पष्ट करता है तथा मानव को आध्यात्मिक और नैतिक जीवन की शिक्षा देता है।
धर्म, यज्ञ, तीर्थों की महत्ता और सामाजिक नियमों का विस्तृत मार्गदर्शन प्रस्तुत करता है।
माता पार्वती और भगवान कार्तिकेय की दिव्य कथाओं के माध्यम से धर्म, आस्था और भक्ति के आदर्शों का संदेश देता है।
आधुनिक युग की चुनौतियों और तनावपूर्ण जीवनशैली में पुराणों की कथाएँ आज भी उतनी ही मार्गदर्शक हैं। ये ग्रंथ मनुष्य को सही नैतिक निर्णय लेने, पारिवारिक दायित्व निभाने और समाज के प्रति उत्तरदायित्व समझने की प्रेरणा देते हैं। पुराणों का संदेश स्पष्ट है—भक्ति, ज्ञान और कर्म का संतुलन ही जीवन को सार्थक और पूर्ण बनाता है।
पुराण केवल कथाओं का संग्रह नहीं, बल्कि जीवन को धर्म, विवेक और भक्ति की ओर ले जाने वाले मार्गदर्शक ग्रंथ हैं। इनमें निहित उपदेश मनुष्य को सही आचरण, कर्तव्यबोध और आध्यात्मिक चेतना से जोड़ते हैं। सनातन धर्म के ये पावन ग्रंथ जीवन में संतुलन, शुद्धता और आत्मिक उन्नति का मार्ग प्रशस्त करते हैं तथा मानव को दिव्य मूल्यों के साथ जीने की प्रेरणा देते हैं।
हर हर महादेव : जय श्री राम 🚩